मुक्तक

मुक्तक



छुप गये सितारे अभी अभी
चाँद भी छुप गया अभी अभी
करने लगे सवाल कुछ लोग
क्यों बढ़ गया तिमिर अभी अभी ।

       
                                 अशोक बाबू माहौर

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